गुस्स ऐसी चीज है !! जो इंसान की शख्सियत बदल देती है !!

बात अगर आत्म-सम्मान की हो !! तो गुस्सा करने में कोई बुराई नहीं है !!

आपके गुस्से से लोगों को फर्क पड़े !! अपने गुस्से को इतना मजबूत बनाए !!

तुमसे शुरू और तुम पर ही ख़तम !! मेरा गुस्सा भी और प्यार भी !!

मुझ से नफरत वाजिब है तुम्हे !! ये न करोगे तो मोहब्बत हो जायेगी !!

तुम पर गुस्सा आता ही नहीं !! ना जाने कितनी मुहब्बत कर बैठा हूँ तुमसे !!

बेहद गुस्सा करते हो आजकल !! नफरत करने लगे हो या मोहब्बत ज्यादा हो गयी !!

तुम जब गुस्सा हो जाते हो तो ऐसा लगता है !! मनाते मनाते ज़िन्दगी गुजार दूँ !!

प्यार लफ़्ज़ों में नहीं होता दिल में होता है !! और गुस्सा लफ़्ज़ों में होता है दिल मे नहीं !!

बहुत परेशान मेरा दिल आज है !! बता मेरे गुस्से का क्या इलाज है !!